जाने कब से होगा कला और संस्कृति का संगम विरासत 2025
देहरादून: राजधानी के अंबेडकर स्टेडियम कौलागढ़ रोड ओएनजीसी में 4 से 18 अक्टूबर तक विरासत 2025 का आयोजन होने जा रहा है। यह कार्यक्रम रीच संस्था द्वारा आयोजित किया जा रहा है। रीच संस्था के संस्थापक आर.के सिंह ने बताया कि इस बार के आयोजन में विंटेज कार रैली, बेलारुसियन फॉक परफॉर्मेंस के साथ-साथ विभिन्न कल्चरल परफॉर्मेंस भी शामिल होंगी। विशेष आकर्षण के तौर पर उस्ताद अहमद और मोहम्मद हुसैन 17 अक्टूबर को अपनी प्रस्तुति देंगे, वहीं कत्थक की प्रस्तुति निओनिका घोष द्वारा 18 अक्टूबर को होगी।
कौन है उस्ताद अहमद-मोहम्मद हुसैन?
उस्ताद अहमद हुसैन और मुहम्मद हुसैन राजस्थान के जयपुर शहर से ताल्लुक रखते हैं और क्लासिकल ग़ज़ल गायकी में प्रसिद्ध हैं। इनके पिता उस्ताद अफ़्ज़ल हुसैन स्वयं ग़ज़ल और ठुमरी के उस्ताद माने जाते थे। दोनों भाइयों ने 1958 में गायकी की शुरुआत की और क्लासिकल संगीत, भजन और ग़ज़ल के क्षेत्र में अपना नाम बनाया। उनके पहले एल्बम ‘गुलदस्ता’ को 1980 में रिलीज़ किया गया, जिसे खूब सराहा गया। इसके बाद उन्होंने लगभग 50 एल्बम जारी की हैं। अपने संगीत को और व्यापक बनाने के लिए उन्होंने एल्बम ‘मान भी जा’ में टेम्पो संगीत को शामिल किया, जिससे उनकी कला और लोकप्रिय हुई।
आर्ट एंड क्राफ्ट के साथ फूड फॉर क्यूज़ीन स्टॉल्स
इस साल भी आर्ट एंड क्राफ्ट, फूड फॉर क्यूज़ीन सहित कई स्टॉल्स अंबेडकर स्टेडियम में लगाए जाएंगे। आर. के. सिंह ने बताया कि “हर साल की तरह इस वर्ष भी विरासत 2025 लोगों के लिए खास होने जा रहा है। यह आयोजन राजधानी देहरादून के लोगों के लिए कला और संस्कृति का बेजोड़ संगम पेश करता है और लगभग 30 साल से रीच संस्था लगातार मनोरंजन का यह प्लेटफॉर्म प्रदान कर रही है।
विरासत 2025 में शामिल होने वाले दर्शक इस बार भी विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और आकर्षणों का आनंद उठा सकते हैं।
