चम्पावत : देवीधुरा में फलों-फूलों से बरसी बग्वाल, ऐतिहासिक पाषाण युद्ध के साक्षी बने लाखों श्रद्धालु,सीएम धामी ने माँ वाराही के दर्शन कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना
देवीधुरा में फलों-फूलों से बरसी बग्वाल, ऐतिहासिक पाषाण युद्ध के साक्षी बने लाखों श्रद्धालु
मा. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने माँ वाराही के दर्शन कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना की
चम्पावत के विश्व प्रसिद्ध शक्तिपीठ माँ वाराही धाम देवीधुरा में शुक्रवार को ऐतिहासिक बग्वाल मेले का भव्य आयोजन हुआ। रक्षाबंधन के पावन अवसर पर आयोजित इस प्रसिद्ध मेले में आस्था, परंपरा, संस्कृति और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला। मेले में प्रतिभाग करने के लिए मा. मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी हेलीकॉप्टर से देवीधुरा हेलीपैड पहुंचे। हेलीपैड पर कैबिनेट मंत्री श्री राम सिंह कैड़ा, जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक श्रीमती रेखा यादव सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने उनका स्वागत किया। हेलीपैड पर पारंपरिक लोकनृत्य छोलिया की मनमोहक प्रस्तुति के साथ मा. मुख्यमंत्री का स्वागत किया गया।
मा. मुख्यमंत्री ने शक्तिपीठ माँ वाराही देवी की विधिवत पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की। उन्होंने सभी प्रदेशवासियों को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि माँ वाराही मइया सभी पर अपनी कृपा बनाए रखें।
उन्होंने कहा कि इसी उद्देश्य से ‘मानसखंड मंदिर माला मिशन’ के अंतर्गत कुमाऊँ क्षेत्र के प्रमुख पौराणिक एवं धार्मिक स्थलों का कायाकल्प किया जा रहा है। देवीधुरा मंदिर परिसर में 4.27 करोड़ रुपये की लागत से गढ़वाल खाम भवन तथा 4.57 करोड़ रुपये की लागत से रणकोची मंदिर के पुनर्निर्माण कार्य प्रगति पर हैं। इसके अतिरिक्त घटोत्कच मंदिर का सौंदर्यीकरण, घटकु हिडिंबा मंदिर का निर्माण, सप्तेश्वर महादेव मंदिर में स्नानघाट तथा लधौनधुरा मेला स्थल का सौंदर्यीकरण कार्य पूर्ण किया जा चुका है।
मा. मुख्यमंत्री ने देवीधुरा को नगर पंचायत क्षेत्र बनाने बात कही। साथ ही उन्होंने कहा कि देवीधुरा में 9.80 करोड़ रुपये की लागत से मल्टी लेवल पार्किंग का निर्माण कार्य शीघ्र कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि बग्वाल मेले को ‘राजकीय मेला’ घोषित कर इसकी गरिमा बढ़ाने के साथ ही व्यवस्थाओं को भी और अधिक सुदृढ़ किया गया है।
चार खाम-सात थोक के बीच खेली गई ऐतिहासिक बग्वाल
मा. मुख्यमंत्री ने चार खाम–सात थोक के बीच खेले जाने वाले इस अनोखे प्राचीन पाषाण युद्ध का भी अवलोकन किया। रक्षाबंधन के अवसर पर मेले में बच्चियों एवं महिलाओं ने मा. मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी को राखी बांधकर रक्षाबंधन पर्व मनाया।
पाटी विकासखंड में स्थित माँ वाराही धाम में प्रधान पुजारी द्वारा विधिवत पूजा-अर्चना के साथ बग्वाल की शुरुआत हुई। इसके बाद चारों खाम—वालिक (सफेद), चम्याल (गुलाबी), गहड़वाल (भगवा) और लमगड़िया (पीला)—के बग्वालियों का प्रवेश हुआ। अलग-अलग रंगों के पारंपरिक वस्त्रों एवं पगड़ियों में सजे बग्वालियों के हाथों में बांस और रिंगाल से निर्मित ढालें थीं। शंखनाद और माँ वाराही के जयकारों के बीच बग्वाल का शुभारंभ हुआ।
मा. मुख्यमंत्री ने कहा, “माँ वाराही मइया सबकी चिंता करती हैं। यह अनोखी विरासत केवल देवीधुरा के बग्वाल मैदान में देखने को मिलती है। यहां की परंपरा अनुशासन और भाईचारे की मिसाल है, जहां बग्वाल के बाद सभी योद्धा गले मिलते हैं।”
इस अवसर पर मा. कैबिनेट मंत्री श्री राम सिंह कैड़ा, केंद्रीय राज्यमंत्री एवं सांसद श्री अजय टम्टा, मा. अध्यक्ष जिला पंचायत श्री आनंद सिंह अधिकारी, माँ वाराही मंदिर समिति अध्यक्ष श्री हीराबल्लभ जोशी,भाजपा जिला अध्यक्ष श्री गोविन्द सामन्त, मुख्य विकास अधिकारी श्री जीएस खाती, परियोजना निदेशक श्री अजय सिंह, सीएमओ श्री देवेश चौहान, श्री महेन्द्र पाल, दर्जा राज्य मंत्री श्री मुकेश महराना, दर्जा राज्य मंत्री श्री हुकुम सिंह कुँवर, दर्जा राज्य मंत्री श्री श्याम नारायण पाण्डेय, दर्जा राज्य मंत्री श्री सुभाष बगौली, श्री लक्ष्मण सिंह लमगड़िया, वरिष्ठ भाजपा कार्यकर्ता श्री सतीश पांडे, पूर्व विधायक लोहाघाट श्री पूरन सिंह फर्त्याल, श्री रवि नेगी, पूर्व अध्यक्ष मंदिर समिति श्री मोहन सिंह बिष्ट, श्री खीम सिंह लमगड़िया, श्री राजशेखर जोशी, श्री नरेन्द्र लडवाल, श्री खीमानन्द सनवाल, श्री देवेन्द्र पन्त, श्री त्रिलोक सिंह बिष्ट, श्री बिरेन्द्र सिंह लमगड़िया, श्री गंगा सिंह चम्याल, श्री बद्री सिंह बिष्ट, श्री चेतन, श्री राजेश बिष्ट, श्री जगदीश सिंह सिनग्वाल, मंच संचालक श्री कीर्तिबल्लभ जोशी, श्री हयात सिंह बिष्ट, श्री बिशन सिंह चम्याल, श्री राजेन्द्र बिष्ट, श्री लक्ष्मी दत्त जोशी, श्री दीवान सिंह बिष्ट, श्री मदन सिंह बोरा, श्री बहादुर सिंह नदगली, श्री ईश्वर सिंह बिष्ट, श्री विनोद चम्याल, श्री रमेश राना, श्री विनोद प्रकाश गड़कोटी, श्री गौरव सिनग्वाल, श्रीमती रश्मि लमगड़िया, श्री दीपक सिनग्वाल, श्री पवन लमगड़िया, श्री चन्दन बिष्ट, श्री दीपक चम्याल, श्री जितेन्द्र पाण्डेय, श्री दिनेश चम्याल, श्री विनोद जोशी एवं श्री सुदीप चम्याल सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु, जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
